विजयगढ़ दुर्ग के रामसरोवर पर श्रद्धालुओं के लिए सुविधाएं सुदृढ़, साफ-सफाई और प्रकाश व्यवस्था पूरी.

जिला संवाददाता/ कृपा शंकर पांडेय
जनपद/सोनभद्र – कांवड़ियों एवं श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुगम आवागमन को लेकर जिला प्रशासन ने विजयगढ़ दुर्ग स्थित रामसरोवर एवं आसपास के क्षेत्रों में व्यवस्थाओं को सुदृढ़ किया है। जिलाधिकारी चर्चित गौड़ के निर्देशन में संबंधित विभागों को सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय से पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए हैं।
सावन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु रामसरोवर से जल लेकर शिवद्वार धाम के लिए रवाना होते हैं, जिसे देखते हुए प्रशासन विशेष सतर्कता बरत रहा है। विजयगढ़ दुर्ग के ऊपर स्थित रामसरोवर परिसर में जिला पंचायत राज अधिकारी की ओर से साफ-सफाई, चेंजिंग रूम और विद्युतीकरण समेत आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित कराई गई हैं। श्रद्धालुओं को स्नान के बाद कपड़े बदलने में किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए चेंजिंग रूम की व्यवस्था की गई है। परिसर और आसपास स्वच्छता बनाए रखने के लिए भी कर्मचारियों को लगाया गया है।
श्रद्धालुओं के आवागमन को सुरक्षित और सुविधाजनक बनाने के लिए दुर्ग के पीछे जाने वाले मार्ग पर भी प्रकाश व्यवस्था कराई गई है। अपर मुख्य जिला पंचायत राज अधिकारी की ओर से इस मार्ग पर विद्युतीकरण का कार्य कराया गया है। इससे सुबह और शाम के समय आने-जाने वाले कांवड़ियों एवं श्रद्धालुओं को पर्याप्त रोशनी मिल सकेगी। जिला प्रशासन की ओर से रामसरोवर से जल लेकर शिवद्वार धाम जाने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि मार्ग, प्रकाश, साफ-सफाई और अन्य मूलभूत सुविधाओं की नियमित निगरानी की जाए। किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और व्यवस्थाओं को प्रभावी बनाए रखने के लिए निर्धारित स्थानों पर अधिकारियों एवं कर्मचारियों की ड्यूटी भी लगाई गई है। तैनात अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में व्यवस्थाओं की निगरानी करेंगे और जरूरत के अनुसार तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करेंगे।
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने कहा कि कांवड़ियों एवं श्रद्धालुओं को सुगम, सुरक्षित और व्यवस्थित सुविधाएं उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को पूरी जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने के निर्देश दिए हैं, ताकि शिवद्वार धाम जाने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
